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कुछ शब्द अपने देशवासियों के लिए। मोदी जी जो कर रहे है वो सच मे गलत है?????

हाँ मैं गरीब हु क्योंकि मैं किसी राजनेतिक पिरवार से नही।हाँ मैं गरीब हु क्योंकि मैं अपने फायदे के लीये राजनीती नही करता।
हाँ मैं गरीब हु क्योंकि मैं चाय बेचता  था ।
हाँ मैं गरीब हु क्योंकि मैं जनता के पैसे से अपना काम नही करता।


आप सभी का गुनएगार हु मैं आप लोगो की अपनी ज़िनदगी है।आप सभी को अपने मन से जीने का पूरा हक़ है । मैंने जो ये लॉकडौन कर के आप सभी को परेशान किया इस सबके लीये मैं बहुत ज्यादा शर्मिन्दा हु। 

पता नही मेरे कारण कितने ही गरिबो को कितनों दिनों से भूखे सोना पड़ रहा है । हालाकि मैंने सारे सरकारों से बात कर के सभी के लिए पुकता इंतज़ाम करवा दिया था। पर हाँ मेरे करण ही इन्हें इतने बुरे दिन देखने पड़ रहे हैं।

हालांकि इस महामारी से बच्चने का मात्र एक ही समाधान है पर ये लॉकडौन तो मेरे राजनेतिकफ़ायफे के लिए है आपके भलाई के लीये कुछ भी सोचना मेरा ही स्वार्थ है । आपमे जीवन की रक्षा करना मेरा दायत्व नही मेरा स्वार्थ हैं इसलिये मैं हु आपलोगो के गुनएगार।



क्या आप अभी भी सोचते है मोदी गरिब है?
जिस के एक बार कहने पे पूरे देश ने बिना दिवाली मनाली । जिस के साथ पूरे देश की जनता है।
जिस के साथ हज़ारो माँ की दुवाएं है ।


आप सभी से अनुरोध है की मोदी पे सवाल उठाने के बजाए अपने आप से पूछिये की आप लॉकडौन करके मोदी पे उपकार कर रहे है या फिर अपना और अपने परिवार वालो की रक्षा कर रहे है?

आप लोगोंको तो सुक्रिया करना चाहिये की इस महामारी के खिलाफ आपका देश इतनी मजबूती से खड़ा है और इसका सामना डटकर कर रहा हैं क्योंकि देश का मुखिया फकीर है उसे पता है असली कीमत जनता की जान की ।उसे किसी भी तरह का मोह नही है वो खुश जी अपनी फकीरी मैं ही क्योंकि उसके साथ करोड़ो माँ का आशिर्वाद है

होसके तो लॉकडौन का पालन पूरी ईमानदारी से करे ।बोलने के लीये आप ही लोग बोलते हो की सिस्टम कˈरप्‍ट्‌ है वो अपना काम देश के लीये नही बल्कि अपने लिए करता है आज आपकी बारी है आज आप अपने माथो पे ये कˈरप्‍ट्‌ होने का टैग मत लगाओ।


घर मैं ही रहो खुद भी स्वस्थ रहो अपने परिवार वालो को भी स्वस्त रखो आपके हाथो मैं है पूरे देश का भविष्य । कुछ दिनों की कैद के बाद फिर से जीने का मोका या फिर 2020 की अंतिम चरण मैं जाते जाते पूरे देश मैं तबाही।



धन्यवाद भइओ और बहेनो !☺️😊

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